उत्तराखंड पंचायत चुनाव के तीसरे और अंतिम चरण का मतदान आज संपन्न हो गया। इस बार करीब 13.66 लाख मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। तीसरे चरण में 21391 पदों के लिए 11167 प्रत्याशी मैदान में हैं। शाम चार बजे तक आए आंकड़ाें के अनुसार अभी तक 60.05 फीसदी मतदान हुआ। वहीं आयोग का मानना है कि पांच बजे तक आंकड़ाें के अनुसार मतदान प्रतिशत 70 फीसदी पहुंच सकता है।
तीसरे चरण में चार बजे तक कितना हुआ मतदान
जनपद मतदान (प्रतिशत में)
अल्मोड़ा 52.79
चंपावत 56.69
पिथौरागढ़ 58.56
बागेश्वर 54.50
उत्तरकाशी 72.57
चमोली 52.84
टिहरी 52.26
पौड़ी 50.75
रुद्रप्रयाग 53.76
यूएस नगर 75.04
नैनीताल 63.85
देहरादून 63.82
तीसरे चरण में चार बजे तक कितना हुआ मतदान
जनपद मतदान (प्रतिशत में)
अल्मोड़ा 52.79
चंपावत 56.69
पिथौरागढ़ 58.56
बागेश्वर 54.50
उत्तरकाशी 72.57
चमोली 52.84
टिहरी 52.26
पौड़ी 50.75
रुद्रप्रयाग 53.76
यूएस नगर 75.04
नैनीताल 63.85
देहरादून 63.82
दोनों चरणों में करीब 70 प्रतिशत मतदान हुआ
बता दें कि प्रदेश में 12 जिलों में पहले दोनों चरणों में करीब 70 प्रतिशत मतदान हुआ था। आज कुल 28 विकासखंडों में मतदान हुआ। राज्य निर्वाचन आयोग के मुताबिक ग्राम पंचायत सदस्यों के 17929 पदों पर कुल 2176 प्रत्याशी ही मैदान में हैं।
ग्राम प्रधान के 2416 पदों पर 5611, क्षेत्र पंचायत सदस्यों के 931 पदों पर 2845 और जिला पंचायत सदस्यों के 115 पदों पर 535 प्रत्याशी मैदान में हैं। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से मतगणना की तैयारी भी शुरू कर दी गई है। मतगणना 21 अक्तूबर को होगी और इसी दिन मत परिणाम भी घोषित हो जाएंगे।
ग्राम प्रधान के 2416 पदों पर 5611, क्षेत्र पंचायत सदस्यों के 931 पदों पर 2845 और जिला पंचायत सदस्यों के 115 पदों पर 535 प्रत्याशी मैदान में हैं। राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से मतगणना की तैयारी भी शुरू कर दी गई है। मतगणना 21 अक्तूबर को होगी और इसी दिन मत परिणाम भी घोषित हो जाएंगे।
धारचूला में फर्जी वोट डालने का आरोप
धारचूला के निंगालपानी के दारमा घाटी के माइग्रेशन वाले दुग्तू सोन बूथ में लगभग 4 बजे बूथ के कर्मचारियों ने दोनो दरवाजे बंद कर दिए। वीरेन्द्र दुग्ताल ने बताया कि उन्होंने खिड़की से अंदर देखा तो एक कर्मचारी मतदान बॉक्स में कुछ करते दिखाई दिए।
जिसके उसने कर्मचारी पर फर्जी वोट डालने का आरोप लगाया। जिससे कुछ लोग आकोशित हो गए और लगभग आधे घंटे मतदान बाधित रहा। इसकी जानकारी मिलने पर उपजिलाधिकारी अनिल कुमार, सीओ विमल कुमार आर्चाय, सेक्टर मजिस्ट्रेट किशन ऐरी और पुलिस जवान मौके में पहुंचे।
जिसके उसने कर्मचारी पर फर्जी वोट डालने का आरोप लगाया। जिससे कुछ लोग आकोशित हो गए और लगभग आधे घंटे मतदान बाधित रहा। इसकी जानकारी मिलने पर उपजिलाधिकारी अनिल कुमार, सीओ विमल कुमार आर्चाय, सेक्टर मजिस्ट्रेट किशन ऐरी और पुलिस जवान मौके में पहुंचे।